Rajasthan News: लक्ष्मण डूंगरी का पवित्र खोल गुरुवार को “जय श्रीराम” के जयघोष से गुंजायमान हो उठा। यहां स्थित हनुमान जी के शिखर पर विराजमान सियाराम जी के 28वें वार्षिक पाटोत्सव पर श्रद्धा, भक्ति और भव्यता का अद्भुत संगम देखने को मिला।
प्रात: 6 बजे सियाराम जी का महाअभिषेक वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच शुरू हुआ। इस अभिषेक में अयोध्या की सरयू नदी से लाया गया जल, 108 औषधीय द्रव्य, शीतल फलों का रस, पंचामृत और गाय का दूध उपयोग में लाया गया। यह अनुष्ठान श्रद्धालुओं के लिए अत्यंत भावविभोर कर देने वाला रहा। (Rajasthan News) 8 बजे वेदपाठ और 9 बजे श्री वाल्मीकि रामायण का अखंड पारायण पाठ आरंभ हुआ। इसके उपरांत 10 बजे षोडशोपचार पूजन, श्रृंगार और अभिषेक के पश्चात 11 बजे राजभोग अर्पित किया गया।
दोपहर में हुई महाआरती, संत-महंतों का सम्मान
दोपहर की विशेष महाआरती में जयपुर के प्रमुख संत-महंतों ने आरती उतारी। मंदिर समिति की ओर से उन्हें श्रीफल, शॉल, दुपट्टा व दक्षिणा भेंट कर सम्मानित किया गया। संतों ने इस अवसर पर ब्रह्मलीन राधेलाल चौबे जी को स्मरण करते हुए खोले को एक आस्था स्थल के रूप में स्थापित करने में उनके योगदान को नमन किया।
समिति अध्यक्ष गिरधारीलाल शर्मा ने बताया कि दोपहर 1 से 3 बजे तक युवा सत्संग रामायण सेवा समिति के संयोजन में सामूहिक सुंदरकाण्ड पाठ हुआ। संध्या में श्री गौरांग महाप्रभु सत्संग मंडल द्वारा भजन, संकीर्तन और बधाई गायन प्रस्तुत किया गया, जिससे वातावरण राममय हो गया।
शनिवार को गायत्री माता का पाटोत्सव
समिति महामंत्री बृजमोहन शर्मा ने बताया कि शुक्रवार शाम 7 बजे श्री राधा बृज चंद्र बिहारी सत्संग मंडल द्वारा भजन-बधाई कार्यक्रम होगा। वहीं शनिवार को मां वेदमाता गायत्री का 19वां पाटोत्सव भी विधि-विधान से मनाया जाएगा।
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