Sikar News: सीकर। श्री श्याम मंदिर सत्संग समिति, सीकर — जो शहर की प्रतिष्ठित धार्मिक संस्थाओं में गिनी जाती है — इन दिनों गहरे विवादों में घिरी हुई है। रविवार को चौकड़ी धर्मशाला में आयोजित प्रेस वार्ता में समिति के अध्यक्ष सुरेश कुमार पोद्दार और मंत्री श्याम सुंदर गड्डीका ने संस्था में चल रही कथित अनियमितताओं, (Sikar News)फर्जीवाड़े और धर्मशाला पर कब्जे की साजिश का खुलासा किया।
समिति पर ‘षड्यंत्रपूर्वक कब्जा’ और फर्जी रजिस्टर से हेरफेर
अध्यक्ष पोद्दार और मंत्री गड्डीका ने बताया कि समिति, जो सर्व समाज की सार्वजनिक धार्मिक संस्था है, पिछले 15 महीनों से कुछ लोगों द्वारा ‘कब्जे की नीति’ के तहत चलाई जा रही है।
- धार्मिक कोष का निजी उपयोग
- फर्जी रजिस्टर तैयार कर लेखा-जोखा में हेरफेर
- संविधान में बिना अनुमोदन संशोधन
- सहकारी विभाग की मिलीभगत से गलत दस्तावेजों का प्रयोग
गड्डीका के अनुसार, यह सब योजनाबद्ध तरीके से संस्था पर पूर्ण नियंत्रण स्थापित करने की कोशिश है।
ऑनलाइन आईडी छिपाने और फर्जी हस्ताक्षर का भी आरोप
मंत्री श्याम सुंदर गड्डीका ने बताया कि संस्था की ऑनलाइन SOS आईडी और पासवर्ड को जानबूझकर छिपाया गया। जब उन्होंने जानकारी मांगी, तो उनके फर्जी हस्ताक्षर से इस्तीफा तैयार कर एक कथित बैठक में पद से हटाने का षड्यंत्र रचा गया।
“यह सब योजनाबद्ध तरीके से किया गया ताकि खाटू स्थित सीकर धर्मशाला पर कब्जा किया जा सके और संस्था की निधि को निजी हित में प्रयोग किया जा सके। यह धार्मिक विश्वास और जनभावनाओं के साथ धोखा है।”
— श्याम सुंदर गड्डीका, मंत्री
नगर पालिका में फर्जी दस्तावेज प्रस्तुत करने का भी आरोप
गड्डीका ने बताया कि उनके नाम से फर्जी लेटरपैड पर गलत जानकारी लिखकर नगर पालिका खाटूश्यामजी में दस्तावेज प्रस्तुत किए गए। इसका खंडन उन्होंने 1 मई 2025 को ही कर दिया था। उन्होंने कहा कि यह उनकी छवि खराब करने और समाज को गुमराह करने की मंशा से किया गया।
पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल, प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग
समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि 8 अक्टूबर 2025 को कोतवाली सीकर में शिकायत दर्ज कराई गई थी, और 26 अक्टूबर को एडिशनल एसपी को रिमाइंडर भी दिया गया, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। “प्रशासन की लापरवाही के कारण ही ऐसे स्वार्थी तत्व धार्मिक संस्थाओं को अपने नियंत्रण में लेकर सार्वजनिक निधियों का दुरुपयोग कर रहे हैं। हमारी मांग है कि पुलिस प्रशासन तत्काल जांच कर दोषियों पर कठोर कार्रवाई करे।” — सुरेश कुमार पोद्दार, अध्यक्ष
प्रेस वार्ता में कार्यकारिणी सदस्य पवन सराफ (पिपराली), गौरीशंकर शर्मा (सबलपुरा), पूरणमल अग्रवाल, श्याम सुंदर गोयल, मालीराम मोदी, महेंद्र लालसी सहित अनेक श्याम भक्त उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में पारदर्शिता और निष्पक्ष जांच की मांग की।
Disclaimer: यह समाचार समिति पदाधिकारियों द्वारा दी गई जानकारी पर आधारित है। बोध सौरभ इस मामले के तथ्यों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता। पाठक इसे सार्वजनिक हित में साझा की गई सूचना के रूप में देखें।


















































